क्यूरा ने लॉन्च किए ‘शुगर क्यूरा जूस’ और ‘करेला जामुन जूस’, आयुर्वेदिक हेल्थकेयर पोर्टफोलियो का किया विस्तार

 

नई दिल्ली। आयुर्वेदिक हेल्थकेयर कंपनी क्यूरा आयुर्वेदिक एंड यूनानी लिमिटेड ने अपने उत्पाद पोर्टफोलियो का विस्तार करते हुए ‘शुगर क्यूरा जूस’ और ‘क्यूरा करेला जामुन जूस’ लॉन्च किए हैं। कंपनी के अनुसार दोनों उत्पाद आधुनिक जीवनशैली, बढ़ते तनाव और स्वास्थ्य संबंधी चुनौतियों को ध्यान में रखते हुए आयुर्वेदिक सिद्धांतों पर विकसित किए गए हैं। क्यूरा पिछले 26 वर्षों से आयुर्वेद के क्षेत्र में कार्यरत है और कंपनी का दावा है कि उसके उत्पादों पर 3,000 से अधिक चिकित्सकों का भरोसा है। प्रत्येक उत्पाद को बाजार में उतारने से पहले एनएबीएल प्रमाणित प्रयोगशालाओं में चार स्तरों की गुणवत्ता जांच से गुजरना पड़ता है। वर्तमान में कंपनी की पहुंच 28 से अधिक राज्यों तक है।

कंपनी के मुताबिक शुगर क्यूरा जूस करेला, जामुन, गुड़मार, आंवला और मेथी जैसे पारंपरिक आयुर्वेदिक घटकों से तैयार किया गया है। इसे रक्त शर्करा संतुलन, ग्लूकोज़ चयापचय, अग्न्याशय के स्वास्थ्य तथा समग्र मेटाबॉलिक संतुलन को सहयोग देने के उद्देश्य से विकसित किया गया है। वहीं क्यूरा करेला जामुन जूस करेला और जामुन के गुणों से युक्त आयुर्वेदिक मिश्रण है, जिसे स्वस्थ रक्त शर्करा प्रबंधन, पाचन तंत्र के सहयोग तथा शरीर की प्राकृतिक शुद्धि प्रक्रिया को समर्थन देने के लिए तैयार किया गया है। शुगर क्यूरा जूस 500 और 1000 मिलीलीटर पैक में उपलब्ध है, जबकि करेला जामुन जूस 500, 1000 और 2000 मिलीलीटर पैक में बाजार में उतारा गया है।

क्यूरा आयुर्वेदिक एंड यूनानी लिमिटेड के निदेशक आदित्य मिहिर ने कहा, “पिछले 26 वर्षों से हमारा प्रयास आयुर्वेद को विश्वसनीय और सुलभ रूप में लोगों तक पहुंचाने का रहा है। गुणवत्ता, नवाचार और परंपरागत ज्ञान के आधार पर हम ऐसे उत्पाद विकसित कर रहे हैं, जो आधुनिक जीवनशैली की स्वास्थ्य आवश्यकताओं को पूरा करें।”

कंपनी की आयुर्वेद विशेषज्ञ डॉ. अवंतिका ने कहा, “आज की स्वास्थ्य चुनौतियां केवल उपचार नहीं, बल्कि निवारक और समग्र दृष्टिकोण की मांग करती हैं। आयुर्वेद संतुलित और स्वस्थ जीवन का मार्ग दिखाता है। हमारा उद्देश्य लोगों को गुणवत्तापूर्ण आयुर्वेदिक समाधान उपलब्ध कराना है, जिन्हें वे अपनी दिनचर्या का सहज हिस्सा बना सकें।”

कंपनी ने बताया कि वह केवल आयुर्वेदिक उत्पादों तक सीमित नहीं है, बल्कि समावेशी और सतत आरोग्य पारिस्थितिकी तंत्र के निर्माण की दिशा में भी कार्य कर रही है। उत्पादन प्रक्रियाओं में महिलाओं की भागीदारी को बढ़ावा देने के साथ-साथ जिम्मेदार विनिर्माण पर भी विशेष ध्यान दिया जा रहा है। गुणवत्ता, नवाचार और व्यापक पहुंच के बल पर क्यूरा का लक्ष्य आयुर्वेद आधारित समग्र स्वास्थ्य को देश के प्रत्येक परिवार तक पहुंचाना है।

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